अभी न होगा मेरा अन्त...
अभी -अभी ही तो आया है मेरे वन में मृदुल वसंत !
अभी न होगा मेरा अन्त ............
मेरे जीवन का यह है जब प्रथम चरण
इसमे कहाँ मृत्यु है ,जीवन ही जीवन
अभी पड़ा है आगे सारा यौवन .............